Sukhkarta Dukhharta Aarti Lyrics with meanings | सुख करता दुखहर्ता आरती

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Sukhkarta Dukhharta Aarti Mp3

Sukhkarta Dukhharta Aarti Lyrics with meanings | सुख करता दुखहर्ता आरती

सुख करता दुखहर्ता वार्ता विघ्नची
नूर्वी पूर्वी प्रेम कृपा जयाची
सर्वांगी सुंदर उटीशेंदुराराची
कंठी झळके माळ मुक्ताफळांची

जय देव जय देव जय मंगल मूर्ती
दर्शन मात्रे मन कामना पुरती
जय देव जय देव जय मंगल मूर्ती ||

रत्नखचित फरा तुझ गौरीकुमरा
चंदनाची उटी कुमकुम केशरा
हिरे जडीत मुकुट शोभतो बरा
रुणझुणती नूपुरे चरणी घागरिया
जय देव जय देव जय मंगल मूर्ती
दर्शन मात्रे मन कामना पुरती
जय देव जय देव जय मंगल मूर्ती ||

लंबोदर पीतांबर फणिवर वंदना
सरळ सोंड वक्रतुंड त्रिनयना
दास रामाचा वाट पाहे सदना
संकटी पावावे निर्वाणी रक्षावे सुरवर वंदना

जय देव जय देव जय मंगल मूर्ती
दर्शन मात्रे मन कामना पुरती
जय देव जय देव जय मंगल मूर्ती ||

सुख करता दुखहर्ता हिन्दी – Sukhkarta Dukhharta Aarti Lyrics with meanings

भगवान् जो हमे सुख देते है और दुखो को दूर करते है.
सभी मुश्किलों से मुक्त करते है.
जो आशीर्वाद के रूप मैं हर जगह अपना प्यार फैलाते है. ||
जिनके शारीर पर सुन्दर लाल-नारंगी रंग है.
और गले मैं अति-सुन्दर मोतियों ( मुक्ताफल ) की माला पहनी हुई है. ||
भगवान् की इस मंगल मूर्ति से प्रार्थना करो.
भगवान् के दर्शन मात्र से ही हमारी सारी
इच्छाओ की पूर्ति हो जायेगी. ||१||

हे गौरी पुत्र, ये रत्नों से जडित मुकुट आपके लिए है,
आपके शारीर पर चन्दन का लेप लगा हुआ है
और मस्तक भाल पर पर लाल रंग का तिलक लगा हुआ है. ||
हीरो से जडित सुन्दर सा मुकुट है और
आपके आपके चरणों के पास मैं पायल की ध्वनि
बहुत अच्छी लग रही है. ||
भगवान् की इस मंगल मूर्ति से प्रार्थना करो.
भगवान् के दर्शन मात्र से ही हमारी सारी
इच्छाओ की पूर्ति हो जायेगी. || २ ||

भगवान् आपका बड़ा पेट है और
आपने पीली धोती पहनी हुई है.
आपके सरल और मुड़ी हुई सूंड है
और आपके तीन आँखे है.
लेखक रामदास कहते है की मैं
आपकी साधना मैं ये लिख रहा हु,
मुश्किल के समय मैं सदेव
हमारी रक्षा और सहायता करना.
भगवान् की इस मंगल मूर्ति से प्रार्थना करो.
भगवान् के दर्शन मात्र से ही
हमारी सारी इच्छाओ की पूर्ति हो जायेगी. || ३ ||

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